आज कल कोई भाव ही नहीं उठता मेरे मन में
हाँ कभी कभी एक धुआं से निकलता है कुछ
जो पसर जाती है मेरे ऊपर के आकाश में
और नहीं देखने देती मुझे चाँद या सूरज.
देख सकता हूँ कुछ तो बस पैरों के नीचे दबी जमीन,
जोड़ से दबा रखा है और घुसा रखे हैं पैरों के नाखून.
कि कहीं खो न जाये बचा हुआ एक टुकरा जमीन
जिसे पुरखों ने बड़े ही जतन से संजोया था.
आखिरी बार जाने से पहले कह गए थे दादी से
और तुम देखोगी उन्हें राज करते अपने देश में.
पर अफसोस उन्हें हमारा विकास गंवारा न था
तभी तो चल बसी वो हमें नेता बनते देख कर.
कभी खुली सड़क पर कत्ल होते नहीं देखा
ना ही देखा किसी कि अस्मत मोहल्ले में लुटते हुए
राशन की कतारों पर गोलियां चलती भी नहीं देखी
उन्हें क्या पता कि आजादी क्या है.
उन्हें क्या मालूम उत्तर - दक्षिण का फर्क
नहीं पता उन्हें तो धर्म, जाति व भाषा के भेद.
ना ही मालूम उन्हें कि भाषण का नया तरीका
जो देती है छूट हमको अपने मन का बोलने का.
खुद तो पढ़े थे बस कुल जमां आठ
फिर तो लग गए थे वे उन बुरे लोगों के साथ.
जिन्होंने पकरा दिया बन्दूक उनके हाथ
और भर दिया जहर उनके पैर से माथ.
नहीं तो आज वे जरूर कहीं के सांसद होते
और हमारे ढेरों पेट्रोल पम्प और ठेके होते.
होती हमारी एक क्षेत्रीय पार्टी भी यहीं
और आते हर चुनाव में माल हमारे हाथ.
मर गए खुद इसी आजादी का काम ले कर
जीते रहे सुबहो शाम जिसका नाम ले कर.
और हम जो करें मजे इस आजादी के
तो चिढाते लोग हमें उन्ही का नाम ले कर.
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6 comments:
हिन्दी ब्लॉग की दुनिया में आपका तहेदिल से स्वागत है....
यह मेरी पोस्ट है, कृपया ऐसी छिछोरी हरकत ना करें. कृपया इसे जल्द से जल्द हटायें.
http://paricharcha.wordpress.com/2009/04/07/ajadee/
Hata bhi lo bhai .... Internet se jitna aasaan chori karna hua hai ..usse jyada aasan chori pakadna bhi ho gaya hai ....
Raste bade kathin hain chalna samhal samhal ke.....
चोरी करना बुरी बात है, और अगर गूगल देवता भी समझ गये तो फ़िर तो अपना बोरिया बिस्तर पैक समझो ।
Bhai sahab yeh aap hee ho naa.
http://en.netlog.com/sanjeevemails/photo/photoid=15176745&surr=0#photos
OpenID paricharcha said...
यह मेरी पोस्ट है, कृपया ऐसी छिछोरी हरकत ना करें. कृपया इसे जल्द से जल्द हटायें.
http://paricharcha.wordpress.com/2009/04/07/ajadee/
April 13, 2009 9:32 PM
yaani total churkat kism ke blagar ho yar mafi mago or rachana hatao
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